सहरसा में कर्ज तले दबे कपड़ा व्यवसायी ने की आत्महत्या 

सहरसा में कर्ज तले दबे कपड़ा व्यवसायी ने की आत्महत्या 

सहरसा । कर्ज और उसके सूद से परेशान कपड़ा व्यवसायी एवं सदर थाना क्षेत्र के गांधी पथ, वार्ड-10 अनुराग गली निवासी स्व. शिव शंकर राम के छोटे पुत्र राजू सिंह ने अपने ही घर में रविवार को फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। जिसकी जानकारी रविवार की सुबह 11 बजे आसपास के लोगों को लगी। वे बीते कुछ दिनों से अकेले ही घर में रह रहे थे। उनकी पत्नी और इकलौता पुत्र ससुराल बेगूसराय में थे। वहीं, उनके बड़े भाई सोनू दिल्ली में मजदूरी कर रह रहे है। जबकि उनकी मां अपने मायके मुंगेर में थी। ऐसे में सुबह देर तक जब उसके घर का दरवाजा नहीं खुला तो आसपास के लोगों को शक हुआ। जिसके बाद पुलिस को इसकी सूचना दी गई और उनके घर का दरवाजा खोला गया। जिसके बाद उनके आत्महत्या कर लिए जाने की जानकारी प्राप्त हुई। पुलिस द्वारा उनके शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया गया है। आसपास के लोगों सहित उनके दूर के रिश्तेदारों ने बताया कि राजू के कपड़ा का व्यापार लगातार घाटा में चल रहा था। उन्होंने स्थानीय बनगांव रोड स्थित रिफ्यूजी कॉलोनी के निकट पहले कपड़ा की दुकान खोली थी। गंगजला चौक पर लकी फैशन कपड़े की दूसरी दुकान खोली। वह दुकान भी घाटे में चली गई। इस दौरान उन्होंने कई लोगों से सूद पर रुपए ले लिए। जिसकी अदायगी उनसे संभव नहीं हो पा रही थी।  

कहीं से कोई भी उम्मीद पूरी होती नहीं देख उन्होंने अनुराग गली स्थित अपने तीन धूर के हिस्से पर बने मकान को बीते एक महीने पूर्व 16 लाख रुपए में श्रवण केडिया नामक व्यवसाई के हाथों बेच दी थी। हालांकि उसी घर में वे फिलहाल रह रहे था। अंतिम मकान बेचने के बाद परिवार में विरोध शुरू हुआ। सभी उन्हें ही दोषी बता रहे थे। घर बेचने के बाद से ही उनकी पत्नी अपने इकलौते पुत्र के साथ मायके बेगूसराय चली गयी। जबकि उनकी मां भी कुछ दिन पूर्व उनसे गुस्सा कर अपने मायके मुंगेर चली गई थी। ऐसे में रवि अकेले उस घर में रहकर दुकानदारी को दुरुस्त करने के प्रयास में लगा रहा। लेकिन वह असफल रहा। प्रभारी सदर थाना अध्यक्ष इंस्पेक्टर आर के सिंह ने बताया सूचना मिली थी। यूडी केस दर्ज कर शव का पोस्टमार्टम कराया गया है। परिजनों के बयान आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।